Indian Festivals

करवा चौथ की महत्वपूर्ण सरगी

सरगीका महत्व 

 

करवाचौथ का व्रत सभी सुहागिन महिलाओं के लिए बहुत खास होता है।  इस दिन सभी महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र के लिए करवा चौथ का व्रत रखती हैं।  पूरा दिन व्रत रखने के बाद शाम को चाँद की पूजा करने के बाद ही महिलाएं अपने पति के हाथों पानी पीकर अपना व्रत खोलती हैं।  यह व्रत बहुत ही कठिन होता है।  जिसमें दिन भर पानी भी ग्रहण नहीं किया जाता है।  करवा चौथ के दिन सरगी का भी खास महत्व होता है।  करवा चौथ में हर सास अपनी बहू को आशीर्वाद के रूप में सरगी देती है।  जिसे सूर्योदय से पहले खा कर करवा चौथ के व्रत की शुरुआत की जाती है।  सरगी में शामिल भोजन व्रत के दौरान शरीर को एनर्जी प्रदान करते हैं।  

 

 सरगी में क्या खाना चाहिए 

 

1- दूध, दही, अनाज- करवा चौथ के व्रत पर सरगी में खीर दूध और अनाज आदि का सेवन करें. इन चीजों का सेवन करने से शरीर को पोषण मिलेगा और मीठा खाने से व्रत में शरीर का शुगर लेवल लो नहीं होगा।  जिससे व्रत के दौरान आपके शरीर में एनर्जी बनी रहेगी और आपका मूड भी अच्छा रहेगा.

 

2- ड्राई फ्रूट्स - ड्राई फ्रूट्स सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं. इसे सरगी में जरूर खाएं।  ड्राई फ्रूट्स में मौजूद पोषक तत्व करवा चौथ के दिन आपको एनर्जी प्रदान करेंगे। 

 

3- भोजन - सरगी में सिर्फ खीर या सूखे मेवे ही नहीं खाने चाहिए।  इसके अलावा रोटी, हरी सब्जी और सलाद का सेवन जरूर करें।  यह सभी चीजें शरीर को एनर्जी देने के साथ-साथ पोषण की कमी को भी पूरा करती हैं.

 

4- फल - फल हमारी सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होते हैं।  फल आसानी से पच जाते हैं और शरीर को जरूरी पोषण और ऊर्जा प्रदान करते हैं। 

 

5- नारियल पानी - आप सरगी में नारियल पानी का सेवन भी कर सकते हैं. नारियल पानी का सेवन करने से आपको भरपूर मात्रा में मिनरल्स की प्राप्ति होगी और आपका पेट भी स्वस्थ रहेगा। 

 

6- ककड़ी - करवा चौथ के दिन महिलाएं पूरा दिन पानी भी नहीं पीती हैं।  इसलिए प्यास से बचने के लिए सरगी में ककड़ी का सेवन जरूर करें ककड़ी में भरपूर मात्रा में पानी मौजूद होता है।  इसका सेवन करने से शरीर में पानी की कमी नहीं होती है और आपको दिनभर प्यास भी नहीं लगेगी।  इसके अलावा ककड़ी का सेवन करने से व्रत में आपके शरीर को पोषण और ऊर्जा भी मिलेगी। 

 

Disclaimer: The information presented on www.premastrologer.com regarding Festivals, Kathas, Kawach, Aarti, Chalisa, Mantras and more has been gathered through internet sources for general purposes only. We do not assert any ownership rights over them and we do not vouch any responsibility for the accuracy of internet-sourced timelines and data, including names, spellings, and contents or obligations, if any.